पटना-लखनऊ इंडिगो फ्लाइट पर गिरी बिजली, विमान की नोज क्षतिग्रस्त; 104 यात्री सुरक्षित

पटना से लखनऊ आ रही इंडिगो की एक फ्लाइट उस समय हादसे का शिकार होते-होते बच गई, जब करीब 17 हजार फीट की ऊंचाई पर विमान पर आकाशीय बिजली गिर गई। बिजली गिरने से विमान के अगले हिस्से यानी नोज को नुकसान पहुंचा। हालांकि, पायलटों ने स्थिति को संभालते हुए विमान की लखनऊ एयरपोर्ट पर सुरक्षित लैंडिंग कराई। विमान में सवार सभी यात्री और क्रू मेंबर सुरक्षित हैं।
मिली जानकारी के मुताबिक, इंडिगो की यह फ्लाइट पटना से लखनऊ के लिए रवाना हुई थी। उड़ान के दौरान विमान करीब 17,000 फीट की ऊंचाई पर था, तभी उस पर बिजली गिर गई। इसके चलते विमान के अगले हिस्से में क्षति पहुंची। घटना के बावजूद विमान का संचालन सुरक्षित तरीके से जारी रहा और उसे लखनऊ एयरपोर्ट पर उतार लिया गया।
विमान में कुल 104 यात्री और 6 क्रू मेंबर मौजूद थे। लैंडिंग के बाद सभी यात्रियों और चालक दल के सदस्यों को सुरक्षित विमान से बाहर निकाल लिया गया। खास बात यह रही कि फ्लाइट अपने निर्धारित समय से करीब 8 मिनट पहले लखनऊ पहुंच गई।
DGCA ने शुरू की घटना की जांच
घटना की जानकारी सामने आने के बाद विमानन सुरक्षा से जुड़े अधिकारियों ने मामले को गंभीरता से लिया है। नागर विमानन महानिदेशालय (DGCA) की ओर से घटना की जांच शुरू कर दी गई है।
विमान की तकनीकी स्थिति की भी जांच की जा रही है। विमान को दोबारा उड़ान भरने से पहले जरूरी निरीक्षण और नियामकीय प्रक्रिया पूरी करनी होगी। संबंधित अधिकारियों की अनुमति मिलने के बाद ही इसे फिर से परिचालन में शामिल किया जाएगा।
इससे पहले भी लैंडिंग के दौरान क्षतिग्रस्त हुआ था इंडिगो का विमान
इंडिगो के विमानों से जुड़ी ऐसी घटनाएं पहले भी सामने आ चुकी हैं। इससे पहले गुवाहाटी से बेंगलुरु जा रहे इंडिगो के एक विमान को लैंडिंग के दौरान परेशानी का सामना करना पड़ा था।
बेंगलुरु के केम्पेगौड़ा अंतरराष्ट्रीय हवाई अड्डे पर तेज हवाओं के बीच विमान ने लैंडिंग का प्रयास किया। दूसरी बार लैंडिंग की कोशिश के दौरान विमान का पिछला हिस्सा रनवे से टकरा गया। घटना के बाद विमान को सुरक्षित तरीके से रोका गया और उसमें मौजूद यात्रियों तथा क्रू मेंबर को सुरक्षित बाहर निकाला गया।
घटना के बाद विमान की तकनीकी जांच की गई। नियामकीय जांच और जरूरी मंजूरी पूरी होने तक विमान को परिचालन से बाहर रखा गया था। विमान के पिछले हिस्से के रनवे से टकराने यानी टेल स्ट्राइक की घटनाएं विमानन क्षेत्र में सुरक्षा की दृष्टि से गंभीर मानी जाती हैं, इसलिए ऐसी घटनाओं के बाद विमान की विस्तृत तकनीकी जांच की जाती है।
गोवा से दिल्ली जा रही फ्लाइट की भी हुई थी इमरजेंसी लैंडिंग
इंडिगो की एक अन्य उड़ान को भी कुछ समय पहले तकनीकी समस्या के कारण वापस लौटना पड़ा था। गोवा से दिल्ली के लिए रवाना हुई फ्लाइट में उड़ान भरने के कुछ समय बाद इंजन से जुड़ी तकनीकी दिक्कत सामने आई थी।
स्थिति को देखते हुए पायलटों ने निर्धारित सुरक्षा प्रक्रिया का पालन किया और विमान को वापस गोवा की ओर मोड़ दिया। इसके बाद विमान की गोवा के मनोहर इंटरनेशनल एयरपोर्ट पर सुरक्षित लैंडिंग कराई गई।
इस विमान में 229 यात्री सवार थे। तकनीकी समस्या के बावजूद सभी यात्रियों और चालक दल के सदस्यों को सुरक्षित विमान से बाहर निकाल लिया गया था।
लगातार सामने आ रही ऐसी घटनाओं के बाद विमानों की तकनीकी जांच और सुरक्षा प्रक्रियाओं को लेकर निगरानी बेहद महत्वपूर्ण हो जाती है। मौजूदा मामले में भी जांच पूरी होने के बाद ही यह स्पष्ट हो सकेगा कि आकाशीय बिजली गिरने से विमान के अगले हिस्से को कितनी क्षति हुई और विमान को दोबारा सेवा में लाने के लिए किन तकनीकी प्रक्रियाओं से गुजरना होगा।
डिस्क्लेमर: यह खबर उपलब्ध जानकारी के आधार पर तैयार की गई है। विमानन घटना स
