दिल्ली और कनाडा में लॉरेंस बिश्नोई गैंग की फायरिंग, सोशल मीडिया पर फैला खौफ

दिल्ली में पिछले दो रातों में हुई लगातार फायरिंग ने राजधानी के लोगों और पुलिस दोनों की नींद उड़ा दी। शुरुआती जांच में यह सामने आया कि ये घटनाएं कोई आम मामला नहीं हैं, बल्कि गैंगस्टर लॉरेंस बिश्नोई गैंग की नई रणनीति—दहशत फैलाने और फिरौती वसूलने का तरीका—है।
पहली घटना: पश्चिम विनोद नगर, पूर्वी दिल्ली
पहली फायरिंग सोमवार (12 जनवरी, 2026) की रात लगभग 12 बजे पश्चिम विनोद नगर में हुई। दो बाइक सवार हेलमेट पहने हमलावर प्रॉपर्टी डीलर जितेंद्र गुप्ता के घर के बाहर पहुंचे और हवा में गोलियां चलाकर फरार हो गए। यह वारदात सीसीटीवी में कैद हो गई। किसी को चोट नहीं आई, लेकिन मोहल्ले में दहशत फैल गई। गुप्ता ने बताया कि धमकी का सिलसिला सितंबर से चल रहा है और 5 करोड़ रुपये की मांग की गई थी। गोलीबारी के बाद भी धमकी देने वालों ने दो ऑडियो मैसेज भेजे।
दूसरी घटना: पश्चिमी विहार, दिल्ली
दूसरी फायरिंग मंगलवार (13 जनवरी, 2026) की रात पश्चिमी विहार में हुई। जिम के बाहर अज्ञात हमलावरों ने अंधाधुंध फायरिंग की। गोलियों की आवाज़ के बाद आसपास के लोग दहशत में आ गए। इसके बाद सोशल मीडिया पर गैंग ने फायरिंग की जिम्मेदारी ली।
कनाडा में भी फैलाया आतंक
दिल्ली की घटनाओं के बीच कनाडा के ब्रैंपटन में मंगलवार को जसवीर ढेसी के घर पर फायरिंग हुई। लॉरेंस बिश्नोई गैंग ने सोशल मीडिया पोस्ट के जरिए जिम्मेदारी ली। पोस्ट में गोल्डी ढिल्लों ने खुद को गैंग का सदस्य बताते हुए लिखा कि विरोधियों का यही हाल होगा। वीडियो में एक शख्स गोली चलाते हुए भी दिखाई दिया।
अंतरराष्ट्रीय स्तर पर फैला नेटवर्क
कनाडा जैसी हाई सिक्योरिटी जगह पर फायरिंग से साफ है कि गैंग का नेटवर्क भारत तक सीमित नहीं, बल्कि अंतरराष्ट्रीय स्तर पर फैल चुका है। 14 जनवरी, 2026 को गैंग ने दिल्ली-NCR में ड्रग्स बेचने वालों को चेतावनी देते हुए एक और धमकी भरी पोस्ट साझा की।
लगातार हो रही इन घटनाओं से स्पष्ट है कि गैंग के बदमाशों को पुलिस का खौफ नहीं है। फिलहाल दिल्ली पुलिस सभी मामलों की जांच कर रही है, लेकिन अभी तक किसी की गिरफ्तारी नहीं हो पाई है।
