खैरार–यमुना साउथ बैंक रेलखंड पर हाईस्पीड ट्रायल तय, दोहरीकरण और विद्युतीकरण कार्य पूरा

बांदा:
उत्तर मध्य रेलवे के अंतर्गत खैरार से यमुना साउथ बैंक रेलखंड के बीच रेलवे से जुड़ी महत्वपूर्ण परियोजना का कार्य पूरा कर लिया गया है। इस परियोजना में रेल लाइन का दोहरीकरण, विद्युतीकरण और आधुनिक सिग्नलिंग सिस्टम शामिल है। अब इस नए रेलखंड की सुरक्षा और संचालन क्षमता की जांच के लिए विशेष निरीक्षण और हाईस्पीड ट्रायल किया जाएगा।
करीब 57 किलोमीटर से अधिक लंबे इस रेल मार्ग पर किए गए विकास कार्यों का उद्देश्य रेल संचालन को अधिक तेज, सुरक्षित और प्रभावी बनाना है। अधिकारियों के अनुसार निरीक्षण के दौरान ट्रैक, विद्युत व्यवस्था, सिग्नलिंग नेटवर्क और अन्य तकनीकी पहलुओं की विस्तृत समीक्षा की जाएगी।
निरीक्षण प्रक्रिया के तहत 18 और 19 जून को संरक्षा परीक्षण आयोजित किया जाएगा। इसके बाद 19 जून को विशेष ट्रेन के जरिए हाईस्पीड ट्रायल किया जाएगा, जिसमें तय गति पर ट्रेन चलाकर ट्रैक की गुणवत्ता और परिचालन क्षमता का मूल्यांकन किया जाएगा।
यदि परीक्षण और तकनीकी निरीक्षण सफल रहते हैं तो इस रेलखंड पर नियमित संचालन को आगे बढ़ाने की प्रक्रिया शुरू की जा सकती है।
रेलवे प्रशासन ने स्थानीय लोगों से अपील की है कि परीक्षण अवधि के दौरान रेल पटरियों और आसपास के क्षेत्र से दूरी बनाए रखें। साथ ही पशुओं को भी ट्रैक के निकट न आने दें, क्योंकि परीक्षण के समय ट्रेनें सामान्य से अधिक गति से संचालित की जा सकती हैं।
इस परियोजना के शुरू होने से क्षेत्र में रेल यातायात को मजबूती मिलेगी। साथ ही यात्री सेवाओं और माल परिवहन की गति बढ़ने तथा ट्रेनों के संचालन में समयबद्धता आने की उम्मीद जताई जा रही है।
